A

2017-08-12

Examination Ke Samay Study Kaise Kare- परीक्षा के वक्‍त मे पढाई कैसे करें

परीक्षा के वक्‍त मे पढाई कैसे करें-

परीक्षा में अच्‍छे अंको से पास होना चाहते है, तो हर दिन रेगुलर पढाई करनी होगी। तभी तनाव मुक्‍त होकर आप विषयों को रिवाइज कर पाएंगे।

सीखें परीक्षा के दबाव से उबरना

परीक्षा चाहे कोई भी हो, उससे होने वाला तनाव छात्रों में एक भय का माहौल पैदा करता है। आखिर इसकी क्‍या वजह है??? सबसे पहला कारण है, सही ढंग से तैयारी न करना। इतना ही नही, यदि अच्‍छे अंक नही आए, तो करियर का क्‍या होगा??  अभिभावक भी बच्‍चों से अच्‍छा करने की अपेक्षा रखते है, जों बच्‍चों को दबाव की स्थिति में लाता है। यह स्‍वाभाविक है, पर इससे बचना भी मुश्किल नही है। तनाव या भय का मूल कारण है अच्‍छी तैयारी न होना। परीक्षा करीब आने के बाद तैयारी ठीक ढंग से हो पाती है और न ही तनाव से बचना संभव होता है।

मेंन प्‍वाइंट

01 लगातार पढने से बचें। बीच-बीच में ब्रेक लेकर टहलें, कुछ खाएं। भरपूर नींद लें। इससे फ्रेश रहेगें।
02 हमेशा सकारात्‍मक सोच रखें। इससे तनाव और भय जैसी मानसिक स्थितियों पर काबू पाएंगे।

एक रूटीन बनाएं

तैयारी करने के लिए एक रूटीन बनाएं। दृढता के साथ उसका पालन करें। परीक्षा में उन्‍हें ही सफलता मिलती है, जो समय का ध्‍यान रखते है। कब, क्‍या पढना है, किस विषय की तैयारी में कितना वक्‍त लगेगा??  रिवीजन के लिए कितना समय लगेगा?  तैयारी को लेकर ऐसे सवालों के जवाब जरूर ढूंढें।
रोज करें पढाई, रहें चिंता मुक्‍त


अगर आप किसी स्‍कूल, कॉलेज या फिर अन्‍य संस्‍थान का सर्वे करें, तो साफ तौर पर पता चला जाएगा कि वही विद्यार्थी परीक्षाओं में अव्‍वल आते है, जो नियमित रूप से अध्‍ययन करते है। किसी भी परीक्षा के लिए प्रतिस्‍पर्धा के जबरदस्‍त माहौल में पढाई का यही ढंग आपको आगे बढने में सहायक हो सकता है। इस तरह से पढने का सबसे बडा फायदा यह है कि पढाई कभी आपको बोझ नही लगेगी। जिस तरह बूंद-बूंद से घडा भर जाता है, उसी तरह रोजाना थोडा-थोडा पढने से ही आपकी अच्‍छी तैयारी हो जाती है। ऐसे में एग्‍जाम के दौरान आप तनाव में नही आते । साथ ही रिवीजन के लिए भी आपको पर्याप्‍त समय मिल जाता है। यदि आप परीक्षा में सफल होना चाहते है तो रेगुलर स्‍टडी से जुडी कुछ बातों का जरूर ध्‍यान रखें।अपने अध्‍ययन से जुडे विषयों पर पूरी प्‍लानिंग करें। फिर उनको इस ढंग से बांटें, ताकि रोजाना अध्‍ययन से निर्धारित समय में उनको आसानी से पूरा कवर किया जा सकें। रोज पढने का समय निर्धारित कर लें। कक्षा में जो भी पढाई हो, उसको अनिवार्य रूप से उसी दिन या उसके अगले दिन रिवाइज जरूर करें। 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें